पटना,— छठ महापर्व के समापन के साथ ही बिहार की सियासी जंग पूरी तरह तेज हो गई है। पहले चरण के मतदान से पहले बुधवार का दिन चुनावी दृष्टि से बेहद अहम है, क्योंकि आज राज्य में सत्ता और विपक्ष, दोनों के बड़े नेता जनता का मूड भांपने मैदान में उतर रहे हैं। केंद्र की मोदी सरकार के दो दिग्गज मंत्री — गृहमंत्री अमित शाह और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह — आज बिहार में एक साथ चुनावी बिगुल फूंकेंगे। वहीं, विपक्ष की ओर से राजद नेता तेजस्वी यादव और कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी एक ही मंच पर नजर आएंगे। इससे चुनावी जंग में अब सीधा एनडीए बनाम महागठबंधन का मुकाबला बनने लगा है। अमित शाह की तीन रैलियां, रात में रणनीतिक बैठक गृहमंत्री अमित शाह बुधवार को बिहार में तीन जनसभाओं को संबोधित करेंगे। पहली सभा — दरभंगा के अलीनगर दूसरी — समस्तीपुर के रोसड़ा तीसरी — बेगूसराय में आयोजित होगी। तीनों स्थानों पर भाजपा ने बड़े स्तर पर तैयारियां की हैं। शाह रात में पटना में रुकेंगे और शाम को राज्य स्तरीय नेताओं के साथ चुनावी रणनीति पर बैठक करेंगे। राजनाथ सिंह भी तीन जिलों में करेंगे प्रचार रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की भी बुधवार को तीन सभाएं होंगी — दरभंगा के हायाघाट, पटना जिले के बाढ़, और छपरा में। भाजपा इन इलाकों में राजपूत मतदाताओं के पारंपरिक आधार को मजबूत करने की रणनीति पर काम कर रही है। योगी आदित्यनाथ का भी ताबड़तोड़ दौरा उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आज बिहार में एनडीए प्रत्याशियों के समर्थन में तीन बड़ी रैलियां करेंगे। उनका कार्यक्रम इस प्रकार है — सुबह 11:15 बजे — सिवान (रघुनाथपुर) दोपहर 12:45 बजे — भोजपुर (शाहपुर) दोपहर 2:15 बजे — बक्सर योगी अपने आक्रामक अंदाज में एनडीए के पक्ष में जनसमर्थन जुटाने की कोशिश करेंगे। महागठबंधन का ‘शक्ति प्रदर्शन’ भी आज उधर, तेजस्वी यादव और राहुल गांधी की संयुक्त रैली को लेकर भी पूरे राज्य में उत्सुकता है। महागठबंधन ने इसे ‘बदलाव का संकल्प सभा’ नाम दिया है, जिसका उद्देश्य युवाओं और किसानों को आकर्षित करना है। अन्य नेताओं का भी बिहार दौरा मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव भी आज भागलपुर के नाथनगर में लोजपा उम्मीदवार के समर्थन में प्रचार करेंगे। वहीं, दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के बिहार दौरे की भी चर्चा है, हालांकि उनका कार्यक्रम अभी आधिकारिक रूप से घोषित नहीं हुआ है। छठ के बाद बुधवार का दिन बिहार की राजनीति के लिए निर्णायक माना जा रहा है — क्योंकि आज से वास्तविक चुनावी मुकाबले की शुरुआत हो रही है।

डीएसपीएमयू के कुलपति के रूप में प्रो. राजीव मनोहर ने संभाला पदभार, शिक्षकों को दिया नियमित और गुणवत्तापूर्ण कक्षाएं लेने का निर्देश
रांची। प्रो. राजीव मनोहर ने आज पूर्वाह्न 10 बजे Dr. Shyama Prasad Mukherjee University (डीएसपीएमयू), रांची के कुलपति के रूप में पदभार ग्रहण किया। वे




