पाकुड़ : समाहरणालय स्थित सभागार में जिला खनिज फाउंडेशन ट्रस्ट न्यास परिषद की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता उपायुक्त सह न्यास परिषद अध्यक्ष ने की। बैठक में डीएमएफटी मद से संचालित विभिन्न विकास योजनाओं के प्रस्तावों पर विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक की शुरुआत महेशपुर विधायक प्रोफेसर स्टीफन मरांडी, लिट्टीपाड़ा विधायक हेमलाल मुर्मू, उप विकास आयुक्त, अनुमंडल पदाधिकारी, सिविल सर्जन, सांसद प्रतिनिधि, विधायक प्रतिनिधि सहित अन्य जनप्रतिनिधियों एवं पदाधिकारियों द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलन कर की गई।
बैठक में विशेष कार्य पदाधिकारी, जिला शिक्षा पदाधिकारी, नगर परिषद प्रशासक, पंचायतों के मुखिया, जिला स्तरीय पदाधिकारी, सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी एवं अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।
बैठक में लिट्टीपाड़ा विधायक हेमलाल मुर्मू ने कहा कि पंचायतों के विकास में मुखियाओं की भूमिका महत्वपूर्ण है। उन्होंने अमड़ापाड़ा प्रभावित क्षेत्र में संथाली शिक्षकों की नियुक्ति, मूलभूत सुविधाओं की बहाली, हाई क्लस्टर शेड, गांवों में चबूतरा निर्माण, योजनाओं की स्वीकृति प्रतिलिपि उपलब्ध कराने तथा आंगनबाड़ी केंद्रों एवं विद्यालयों के नियमित निरीक्षण का सुझाव दिया।
महेशपुर विधायक प्रोफेसर स्टीफन मरांडी ने कहा कि डीएमएफटी मद से जिले में स्वास्थ्य, शिक्षा, पेयजल एवं सड़क के क्षेत्र में कई कार्य किए गए हैं। उन्होंने सभी स्वीकृत योजनाओं को गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध रूप से पूर्ण करने पर जोर दिया।
उपायुक्त ने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने के लिए डीएमएफटी मद से 14 चिकित्सकों की नियुक्ति की गई है। आंगनबाड़ी केंद्रों, विद्यालयों और पेयजल योजनाओं पर कार्य शुरू हो चुका है। कई विद्यालयों में बेंच-डेस्क उपलब्ध कराए गए हैं और शेष विद्यालयों में भी शीघ्र यह सुविधा दी जाएगी। हाट-बाजारों में सामुदायिक शौचालय निर्माण का कार्य भी किया जा रहा है।
उपायुक्त ने बताया कि डीएमएफटी राशि खनन से प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रूप से प्रभावित पंचायत क्षेत्रों में ग्राम सभा के माध्यम से चयनित योजनाओं पर व्यय की जाएगी। वित्तीय वर्ष 2025–26 में डीएमएफटी कोष की राशि का 70 प्रतिशत उच्च प्राथमिकता वाली योजनाओं जैसे पेयजल, स्वास्थ्य, शिक्षा, कौशल विकास एवं स्वच्छता पर तथा 30 प्रतिशत राशि सड़क, पुल-पुलिया, सिंचाई एवं अन्य आधारभूत संरचना विकास पर व्यय की जाएगी। संपूर्ण जिले को प्रत्यक्ष प्रभावित क्षेत्र घोषित किया गया है।





