गोड्डा: झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण (झालसा) के निर्देश पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (डालसा) के सचिव दीपक कुमार के नेतृत्व में बुधवार को जिले के विभिन्न पंचायतों और प्रखंड स्तर पर संचालित लीगल एड क्लिनिकों का औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान क्लिनिकों की कार्यप्रणाली की समीक्षा की गई और ग्रामीणों को विधिक सहायता से संबंधित जानकारी दी गई।
निरीक्षण के दौरान टीम ने मछिया-सिमरडा, लखनपहाड़ी, राजाभिठा, चिलकारा गोविंद, मेघी, बोआरीजोर प्रखंड मुख्यालय, बोआरीजोर पंचायत, जामू झरना, बनियाडीह, पंजराडीह, ठाकुरगंगटी, चांदा, खरखोदिया और डुमरिया सहित विभिन्न पंचायतों में संचालित लीगल एड क्लिनिकों का भ्रमण किया। इस दौरान ग्रामीणों को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की भूमिका, नि:शुल्क विधिक सहायता तथा सरकारी कल्याणकारी योजनाओं का लाभ प्राप्त करने की प्रक्रिया के बारे में जागरूक किया गया।
डालसा सचिव दीपक कुमार ने कहा कि आम लोगों को कानूनी सहायता उपलब्ध कराने, कानून के प्रति जागरूकता बढ़ाने और पात्र लाभार्थियों तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से प्रखंड मुख्यालयों के साथ-साथ पंचायत स्तर पर विधिक सहायता केंद्र स्थापित किए गए हैं। इन केंद्रों पर नियुक्त पारा लीगल वॉलेंटियर्स (PLVs) समय-समय पर नालसा एवं झालसा की योजनाओं की जानकारी लोगों तक पहुंचाते हैं और जरूरतमंदों को विधिक सहायता उपलब्ध कराते हैं।
निरीक्षण के दौरान टीम ने विभिन्न पंचायतों के मुखिया, वार्ड सदस्यों और स्थानीय ग्रामीणों से भी संवाद किया तथा विधिक सहायता केंद्रों के अधिकतम उपयोग की अपील की। इस मौके पर एलएडीसी कार्यालय सहायक राकेश रंजन, अधिकार मित्र धनंजय कुमार और एलएडीसी कार्यालय के राकेश कुमार दास सहित अन्य सदस्य मौजूद रहे।





