पाकुड़ : सर्दियों के मौसम का आगमन हो चुका है। ऐसे सर्द-गर्म मौसम के हिसाब से लोग अपने आप को ढाल नहीं पा रहे हैं। जिससे सेहत पर असर पड़ने लगा है। अस्पताल में भी मौसम बदल जाने से कई तरह की बीमारियों की मरीज बढ़ रही हैं। आम दिनों में सदर अस्पताल के ओपीडी में करीब 50 मरीज होते हैं, लेकिन बदलते मौसम के कारण हर रोज अब 100 से ज्यादा मरीज ओपीडी में पहुंच रहे हैं। मौसम बदलने से अस्पताल में जुखाम, बुखार, खांसी, सिर दर्द, बदन दर्द जैसे लक्षण वाले मरीजों की संख्या बढ़ गई है। मौसम में बदलाव से डायबिटीजों में भी इजाफा हुआ है। डॉक्टर ने बताया कि मौसम परिवर्तन से वायरल फीवर का खतरा होता है। सर्दी खांसी के मरीज ज्यादा अस्पताल में आ रहे हैं। बदलते मौसम में बच्चे और बुजुर्गों पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है। दंत विभाग द्वारा बताया गया सर्द मौसम के आगमन पर दांतों में सेंसटिविटी के मरीज बढ़ रहे हैं। प्रतिदिन 10 से 12 मरीज अपने दांत के रोगों से परेशान अस्पताल पहुंच रहे हैं। ओपीडी में मरीजों का ईलाज कर रहे चिकित्सक डॉ. मनीष ने बताया कि मौसम में परिवर्तन के कारण अस्पताल में अभी मरीज की इजाफा हुआ है। ऐसे मौसम में गर्म भोजन करना चाहिए। शाम ढलते ही सर्दहवा चल रही है। घर में रहे या फिर बाहर निकलते समय गर्म कपड़ा लोगों को जरूर पहना चाहिए। बढ़ेगी तो समस्या और बढ़ सकती है। उन्होंने बताया कि घर में किसी को भी सर्दी, खांसी और बुखार हो तो इन्फेक्शन के खतरे से खुद को बचाएं। मरीज का रुमाल, टॉवेल, मोबाइल का उपयोग नहीं करें। बीमार महसूस होने पर टालने की बजाय तुरंत इलाज करवाएं। सर्द मौसम के आने से बुर्जुगों को सांस की समस्याएं बढ़ सकती हैं।

डीएसपीएमयू में स्मार्ट इंडिया हैकथॉन 2026 के साथ नवाचार को नई उड़ान, जल्द स्थापित होगी ‘आइडिया लैब’: कुलपति डॉ. राजीव मनोहर
दिनांक 12 सितंबर 2026 को डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी विश्वविद्यालय (DSPMU) में ‘स्मार्ट इंडिया हैकथॉन 2026’ (Smart India Hackathon – Internal Hackathon) प्रतियोगिता आयोजित की




