बरहरवा:बरहरवा आरपीएफ ने नाबालिग बच्चों को बहला फुसलाकर श्रम कार्य कराने वाले एक तस्कर हिरासत में लेते हुए पाँच नाबालिक बच्चों को तस्करों के चंगुल से मुक्त कराने में सफलता हासिल की है। इसकी जानकारी देते हुए आरपीएफ इंस्पेक्टर संजीव कुमार ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर बताया कि बुधवार को मानव तस्करों के संबंध में सूचना मिली थी कि कुछ नाबालिग लड़कों को श्रम कार्य के लिए बहला-फुसलाकर ट्रेन से अन्य राज्यों में लाया जा रहा है। सूचना के आधार पर आरपीएफ इंस्पेक्टर संजीव कुमार के नेतृत्व में एएसआई जेके दुबे, एएसआई सुरेश पासवान, एचसी मजनू सोरेन टीम गठित कर बरहरवा स्टेशन पर बुधवार की रात सवा आठ बजे तलाशी एवं जांच की गई। तलाशी के दौरान 5 नाबालिग लड़कों को संदिग्ध तरीके से बरहरवा रेलवे स्टेशन के मुख्य द्वार के पास घूमते हुए पाया गया और एक अन्य व्यक्ति ने उनका मार्गदर्शन किया। आगे बताया कि उमर फारूक (15 वर्ष), मो मंजर आलम (15 वर्ष), गुलाम रसूल शेख (14 वर्ष), लाल मोहम्मद (14 वर्ष), हसन शेख (14 वर्ष) उपरोक्त सभी 05 नाबालिग लड़कों से पूछताछ करने पर बताया कि एक अन्य व्यक्ति उन लोगों को श्रम कार्य के लिए गुजरात ले जा रहा था। वहीं पुलिस ने मो नसरुद्दीन शेख को भी हिरासत में लिया और पूछताछ करने पर उसने 05 नाबालिग लड़कों की तस्करी के संबंध में अपना अपराध कबूल कर लिया। वहीं हिरासत में लिए गए सभी को थाना लाया गया। उपरोक्त मामले में लिखित शिकायत दर्ज कराई गई तथा शिकायत के आधार पर जीआरपी बरहरवा ने धारा 137(2), 143(5) बीएनएस तथा 75/81 जेजे एक्ट के तहत मामला दर्ज किया। तथा सभी 5 नाबालिग लड़कों को आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए आराधना मंडल, बाल संरक्षण मंथन साहिबगंज को सौंप दिया गया।वहीं बरहरवा आरपीएफ इंस्पेक्टर संजीव कुमार ने कहा कि किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

डीएसपीएमयू के कुलपति के रूप में प्रो. राजीव मनोहर ने संभाला पदभार, शिक्षकों को दिया नियमित और गुणवत्तापूर्ण कक्षाएं लेने का निर्देश
रांची। प्रो. राजीव मनोहर ने आज पूर्वाह्न 10 बजे Dr. Shyama Prasad Mukherjee University (डीएसपीएमयू), रांची के कुलपति के रूप में पदभार ग्रहण किया। वे




