साहिबगंज: जिला समाहरणालय स्थित कार्यालय प्रकोष्ठ में सोमवार को उपायुक्त हेमंत सती की अध्यक्षता में जिला समाज कल्याण विभाग की एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक संपन्न हुई। बैठक के दौरान उपायुक्त ने महिला एवं बाल विकास से जुड़ी योजनाओं के धरातलीय क्रियान्वयन को लेकर कड़े निर्देश दिए।
आंगनबाड़ी केंद्रों का निर्माण और समयबद्ध हैंडओवर
उपायुक्त ने जिले में निर्माणाधीन आंगनबाड़ी केंद्रों की वर्तमान स्थिति की विस्तार से जानकारी ली। उन्होंने कहा कि भवनों का निर्माण कार्य अधूरा रहने से बच्चों और धात्री माताओं को मिलने वाली सेवाएं प्रभावित होती हैं।
संबंधित विभागीय पदाधिकारियों को निर्देशित किया गया कि सभी निर्माणाधीन केंद्रों को तय समय-सीमा के भीतर पूर्ण करें और जल्द से जल्द हैंडओवर की प्रक्रिया पूरी करें।
सेविका-सहायिका नियुक्ति प्रक्रिया में तेजी
बैठक में आंगनबाड़ी केंद्रों के सुचारु संचालन के लिए रिक्त पड़े पदों पर चर्चा की गई। उपायुक्त ने सेविका एवं सहायिका की नियुक्ति प्रक्रिया की समीक्षा करते हुए स्पष्ट निर्देश दिया कि नियुक्ति से जुड़ी सभी औपचारिकताएं शीघ्र पूर्ण की जाएं ताकि किसी भी केंद्र पर संचालन में बाधा न आए।
इन प्रमुख योजनाओं की भी हुई समीक्षा
बैठक के दौरान उपायुक्त ने विभाग द्वारा संचालित अन्य महत्वाकांक्षी योजनाओं की प्रगति रिपोर्ट देखी:
- सावित्रीबाई फुले किशोरी समृद्धि योजना: किशोरियों के नामांकन और लाभ वितरण की स्थिति।
- पोषण ट्रैकर ऐप: डेटा एंट्री और कुपोषण की ट्रैकिंग में पारदर्शिता।
- प्रधानमंत्री मातृत्व वंदना योजना व कन्यादान योजना: लाभार्थियों के चयन और राशि हस्तांतरण की प्रक्रिया।
उपायुक्त ने जोर देकर कहा कि इन सभी योजनाओं में पारदर्शिता और लक्ष्य के अनुरूप प्रगति अनिवार्य है। इसमें किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
बैठक में मौजूद अधिकारी
इस महत्वपूर्ण बैठक में मुख्य रूप से परियोजना निदेशक आईटीडीए (ITDA) संजय कुमार दास, विभिन्न महिला पर्यवेक्षिकाएं (Supervisor) और जिला समाज कल्याण विभाग के अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे।




