गाजा संघर्ष: हमास ने युद्धविराम प्रस्ताव को दी हरी झंडी, इजरायल ने रखा नया प्रस्ताव

हमास ने युद्धविराम प्रस्ताव को दी मंजूरी
Facebook
Twitter
WhatsApp
Telegram

तेल अवीव: गाजा पट्टी में जारी हिंसा को रोकने की दिशा में हमास ने शनिवार को युद्धविराम प्रस्ताव को मंजूरी दे दी। यह प्रस्ताव इजिप्ट और कतर की मध्यस्थता में तैयार किया गया था। लेकिन इससे पहले कि कोई ठोस समझौता हो पाता, इजरायल ने अमेरिका के सहयोग से एक नया प्रस्ताव पेश कर दिया, जिससे स्थिति और पेचीदा हो गई है।

हमास की सहमति, लेकिन शर्तें बरकरार

इजिप्ट के एक अधिकारी के अनुसार, युद्धविराम समझौते के तहत: हमास पांच जीवित बंधकों को रिहा करेगा, जिनमें एक अमेरिकी-इजरायली नागरिक भी शामिल है। इसके बदले में इजरायल एक सप्ताह के लिए युद्ध रोकने और गाजा में मानवीय सहायता पहुंचाने पर सहमत होगा। इजरायल कई फलस्तीनी कैदियों को भी रिहा करेगा। हमास के वरिष्ठ नेता खलील अल-हय्या ने इस प्रस्ताव को स्वीकार करने की पुष्टि की, हालांकि यह स्पष्ट नहीं है कि इसे मूल रूप से संशोधित किया गया था या नहीं।

इजरायल का नया प्रस्ताव और बढ़ी उलझन

हमास के प्रस्ताव पर सहमति जताने के बावजूद इजरायल ने एक नया संशोधित प्रस्ताव पेश कर दिया। हालांकि, इसकी अधिक जानकारी साझा नहीं की गई है। प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि यह प्रस्ताव शुक्रवार को अमेरिका के साथ हुई चर्चा के बाद तैयार किया गया है।

संघर्ष में नया मोड़

करीब दस दिन पहले, इजरायल ने युद्धविराम तोड़ते हुए हमास पर हमला कर दिया था, जिसमें सैकड़ों लोग मारे गए थे। इजरायल का आरोप है कि हमास बंधकों को छोड़ने में आनाकानी कर रहा है और संघर्ष को बढ़ावा दे रहा है। इजरायल ने दो टूक कहा कि जब तक हमास 59 बंधकों को रिहा नहीं करता, युद्धविराम संभव नहीं है। इजरायल की मांग है कि हमास सत्ता छोड़ दे, हथियार डाल दे और उसके शीर्ष नेता निर्वासन स्वीकार करें। वहीं, हमास की शर्त है कि वह केवल तभी बंधकों को रिहा करेगा जब इजरायल स्थायी युद्धविराम पर सहमत हो, गाजा से सेना हटाए और फलस्तीनी कैदियों को रिहा करे।

क्या होगा आगे?

फिलहाल, हमास और इजरायल के बीच विवादित शर्तों के कारण युद्धविराम पर असमंजस बना हुआ है। मध्यस्थ देश इस प्रयास में जुटे हैं कि दोनों पक्ष किसी साझा सहमति पर पहुंचे और गाजा में शांति स्थापित हो सके।

 

gaytri
Author: gaytri

Leave a Comment

Kelanchaltimes हिंदी के साथ रहें अपडेट

सब्स्क्राइब कीजिए हमारा डेली न्यूजलेटर और पाइए खबरें आपके इनबॉक्स में

और खबरें

नामांकन से नतीजे तक खर्च की निगरानी, तीन दौर में होगी प्रत्याशियों की जांच

रांची : निकाय चुनाव के दौरान प्रत्याशियों द्वारा किए जाने वाले चुनाव खर्च पर इस बार राज्य निर्वाचन आयोग की कड़ी निगरानी रहेगी। आयोग ने

यूजीसी के फैसले के खिलाफ सड़क पर उतर कर स्वर्ण महासंघ ने जताया विरोध

पूर्वी सिंहभूम। विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) के हालिया फैसलों के विरोध में गुरुवार को स्वर्ण महासंघ के आह्वान पर सैकड़ों लोग सड़कों पर उतरे और

झारखंड के 25 वर्षों के सफर को नई दिशा देगा मजबूत और बहुआयामी बजट: मुख्यमंत्री

रांची। झारखंड राज्य 25 वर्षों का सफर तय कर चुका है। ऐसे में इस बार राज्य के लिए मजबूत, संतुलित और बहुआयामी बजट की आवश्यकता

रास्ता बंद किए जाने के विरोध में बार एसोसिएशन का अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू

धनबाद। सदर अस्पताल के मार्ग को बंद किए जाने के विरोध में जिला बार एसोसिएशन गुरुवार से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चला गया। अधिवक्ताओं के पेन