जिला स्तरीय एडवोकेसी बैठक में बाल संरक्षण तंत्र को मजबूत बनाने पर व्यापक मंथन और चर्चा

Facebook
Twitter
WhatsApp
Telegram

 

साहिबगंज में जिला बाल संरक्षण पदाधिकारी कार्यालय में आयोजित जिला स्तरीय एडवोकेसी बैठक में बाल संरक्षण तंत्र को अधिक प्रभावी और सुदृढ़ बनाने पर चर्चा हुई। झारखंड विकास परिषद और जिला बाल संरक्षण इकाई के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित कार्यक्रम में विभिन्न विभागों, संस्थाओं और बाल संरक्षण से जुड़े हितधारकों ने भाग लिया। बैठक में बच्चों की सुरक्षा, चुनौतियों, उपलब्धियों और समन्वित कार्ययोजना पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया।

 

बाल संरक्षण तंत्र को सशक्त बनाने पर जिला स्तरीय एडवोकेसी बैठक में हुआ मंथन

साहिबगंज। जिला बाल संरक्षण पदाधिकारी कार्यालय, साहिबगंज में बुधवार को बाल संरक्षण के क्षेत्र में कार्यरत विभिन्न संस्थाओं और हितधारकों के साथ एक दिवसीय जिला स्तरीय एडवोकेसी बैठक का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य जिले में बाल संरक्षण से जुड़ी चुनौतियों, उपलब्धियों और भविष्य की कार्ययोजनाओं पर चर्चा करते हुए बाल संरक्षण तंत्र को और अधिक प्रभावी एवं सशक्त बनाना था।
यह बैठक झारखंड विकास परिषद, पतना (साहिबगंज) तथा जिला बाल संरक्षण इकाई, साहिबगंज के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित की गई। बैठक में बाल अधिकारों की सुरक्षा, बच्चों के समग्र विकास और संवेदनशील मामलों के त्वरित समाधान को लेकर विभिन्न पहलुओं पर गंभीरता से चर्चा की गई।
कार्यक्रम में जिला बाल संरक्षण इकाई, बाल कल्याण समिति, चाइल्ड हेल्पलाइन 1098, किशोर न्याय बोर्ड, बाल गृह (बालक) साहिबगंज तथा अन्य संबंधित विभागों और संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। उपस्थित प्रतिभागियों ने बाल संरक्षण से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर अपने विचार रखे और जमीनी स्तर पर आने वाली चुनौतियों को साझा किया।
बैठक के दौरान बच्चों के संरक्षण, शिक्षा, स्वास्थ्य, पुनर्वास और उनके अधिकारों की रक्षा के लिए विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने की आवश्यकता पर जोर दिया गया। साथ ही बाल श्रम, बाल विवाह, मानव तस्करी, बाल उत्पीड़न और अन्य सामाजिक समस्याओं की रोकथाम के लिए सामूहिक प्रयासों को और मजबूत करने पर सहमति बनी।
विशेषज्ञों ने कहा कि बाल संरक्षण केवल किसी एक विभाग की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि इसके लिए प्रशासन, सामाजिक संगठनों, विद्यालयों, अभिभावकों और समुदाय के संयुक्त प्रयास आवश्यक हैं। बच्चों के हितों की रक्षा के लिए विभिन्न संस्थाओं के बीच नियमित संवाद और सहयोग को बढ़ावा देने की जरूरत बताई गई।
बैठक में चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 की भूमिका, किशोर न्याय अधिनियम के प्रभावी क्रियान्वयन, बाल कल्याण समिति की कार्यप्रणाली तथा बाल गृहों में उपलब्ध सुविधाओं पर भी चर्चा की गई। प्रतिभागियों ने बाल संरक्षण संबंधी मामलों में त्वरित कार्रवाई और जागरूकता अभियान को बढ़ाने की आवश्यकता पर बल दिया।
कार्यक्रम के अंत में सभी हितधारकों ने बच्चों के अधिकारों की सुरक्षा और बाल संरक्षण तंत्र को मजबूत बनाने के लिए समन्वित रूप से कार्य करने का संकल्प लिया। उपस्थित अधिकारियों ने विश्वास व्यक्त किया कि इस प्रकार की बैठकें विभिन्न संस्थाओं के बीच बेहतर तालमेल स्थापित करने और बाल संरक्षण व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी।
rohini shree
Author: rohini shree

Leave a Comment

Kelanchaltimes हिंदी के साथ रहें अपडेट

सब्स्क्राइब कीजिए हमारा डेली न्यूजलेटर और पाइए खबरें आपके इनबॉक्स में

और खबरें

पाकुड़िया में रिमझिम बारिश से किसानों के चेहरे खिले, जलजमाव और सूने बाजार से बढ़ी परेशानी

पाकुड़िया: मंगलवार सुबह से पाकुड़िया प्रखंड में लगातार हो रही रिमझिम बारिश ने जहां किसानों के चेहरों पर मुस्कान ला दी है, वहीं आम जनजीवन

पाकुड़: सफल ऑपरेशन के बाद वार्ड पार्षद कृष्ण शर्मा से मिले उपाध्यक्ष राणा ओझा, शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना

पाकुड़: लंबे समय से पैर की गंभीर चोट से जूझ रहे नगर परिषद के वार्ड पार्षद कृष्ण शर्मा के सफल ऑपरेशन के बाद नगर परिषद

पाकुड़: रानी ज्योतिर्मय स्टेडियम में शौचालय निर्माण का शुभारंभ, कांग्रेस ने SIR अभियान पर बनाई रणनीति

पाकुड़: पाकुड़ विधानसभा की विधायक निसात आलम ने मंगलवार को शहर स्थित रानी ज्योतिर्मय स्टेडियम परिसर में शौचालय निर्माण कार्य का विधिवत शुभारंभ किया। इस

सहरसा में भाजपा ने लॉन्च किया समरसता संकल्प अभियान, गुरु रविदास जयंती वर्ष पर होंगे कई कार्यक्रम

सहरसा: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की सहरसा जिला इकाई ने संत शिरोमणि श्री गुरु रविदास महाराज के 650वें जयंती वर्ष के उपलक्ष्य में आयोजित किए