पाकुड़: बरसात के मौसम में मलेरिया और डेंगू जैसी मच्छरजनित बीमारियों के बढ़ते खतरे को देखते हुए पाकुड़ की उपायुक्त मेघा भारद्वाज ने जिलेवासियों से सतर्क रहने और बचाव के उपाय अपनाने की अपील की है। उन्होंने कहा कि जनभागीदारी और जागरूकता के माध्यम से इन बीमारियों पर प्रभावी नियंत्रण पाया जा सकता है।
उपायुक्त ने बताया कि मलेरिया और डेंगू संक्रमित मच्छरों के काटने से फैलने वाली गंभीर बीमारियां हैं। तेज बुखार, सिरदर्द, शरीर एवं मांसपेशियों में दर्द, अत्यधिक कमजोरी, भूख न लगना या अन्य संबंधित लक्षण दिखाई देने पर बिना देर किए निकटतम सरकारी स्वास्थ्य केंद्र में जांच करानी चाहिए। उन्होंने बताया कि सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में मलेरिया और डेंगू की जांच एवं उपचार निःशुल्क उपलब्ध है।
उन्होंने लोगों से घर और आसपास पानी जमा नहीं होने देने, नियमित साफ-सफाई बनाए रखने, पानी संग्रहित करने वाले बर्तनों को ढंककर रखने तथा कूलर, पानी की टंकी, गमलों और अनुपयोगी पात्रों की नियमित सफाई करने की अपील की। साथ ही रात में मच्छरदानी का उपयोग करने, पूरी बांह के कपड़े पहनने और मच्छरों से बचाव के अन्य उपाय अपनाने की सलाह दी।
उपायुक्त मेघा भारद्वाज ने कहा कि मलेरिया और डेंगू से बचाव केवल स्वास्थ्य विभाग की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक नागरिक की सहभागिता से ही संभव है। उन्होंने लोगों से अपने घरों और आसपास स्वच्छता बनाए रखने तथा मच्छरों के प्रजनन स्थलों को समाप्त करने का आह्वान करते हुए जिले को मलेरिया और डेंगू मुक्त बनाने में सक्रिय सहयोग देने की अपील की।





