सियासत में खरमास ! मकर संक्रांति की खिचड़ी के बाद नीतीश मंत्रिमंडल का विस्तार

Facebook
Twitter
WhatsApp
Telegram

पटना : बिहार में परंपरागत रूप से खरमास को अशुभ महीना माना जाता है, जिसके दौरान शुभ कार्यों से परहेज़ किया जाता है। राजनीतिक दृष्टि से भी यह समय अहम माना जाता है और बड़े फैसले अक्सर खरमास समाप्त होने के बाद ही लिए जाते हैं। इस बार खरमास 16 दिसंबर 2025 से शुरू होकर 14 जनवरी 2026 तक रहेगा। ऐसे में 15 जनवरी 2026 के बाद बिहार में मंत्रिमंडल विस्तार की संभावना प्रबल मानी जा रही है। बिहार विधानसभा चुनाव के बाद मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में कुल 26 मंत्री बनाए गए थे। हालांकि, भाजपा के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष बनने के बाद नितिन नबीन के इस्तीफे के चलते वर्तमान में मंत्रिमंडल में 25 मंत्री ही रह गए हैं। बिहार विधानसभा में विधायकों की संख्या के आधार पर मुख्यमंत्री सहित अधिकतम 36 मंत्री बनाए जा सकते हैं। इस लिहाज से फिलहाल 10 मंत्री पद रिक्त हैं। राजनीतिक सूत्रों के अनुसार संभावित मंत्रिमंडल विस्तार में जदयू कोटे से 6 और भाजपा कोटे से 4 मंत्री बनाए जा सकते हैं। हाल ही में दिल्ली दौरे के दौरान मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने प्रधानमंत्री और केंद्रीय गृह मंत्री सहित भाजपा के वरिष्ठ नेताओं से इस विषय पर चर्चा भी की है। चर्चा यह भी है कि मंत्रिमंडल विस्तार के दौरान कुछ पुराने मंत्रियों को दोबारा मौका मिलेगा या नहीं, इस पर अभी सियासी खिचड़ी पूरी तरह पकी नहीं है। उधर, विधान परिषद में 75 सदस्यों की कुल संख्या के मुकाबले चार सीटें रिक्त पड़ी हुई हैं, जिन्हें लेकर भी राजनीतिक हलचल तेज है। विधानसभा चुनाव में एनडीए को 202 सीटों पर जीत मिली थी। मौजूदा मंत्रिमंडल में जातीय और सामाजिक संतुलन का विशेष ध्यान रखा गया है। अभी मंत्रिमंडल में ओबीसी वर्ग से 8, सवर्ण वर्ग से 8, कुर्मी-कुशवाहा से 6 और दलित वर्ग से 5 मंत्री शामिल हैं। जातीय गणित के लिहाज से दलित (5), राजपूत (4), कुशवाहा (3), कुर्मी (2), वैश्य (2), यादव (2), मल्लाह (2), भूमिहार (2) तथा ब्राह्मण, कायस्थ, चंद्रवंशी और मुस्लिम समुदाय से एक-एक प्रतिनिधि को मंत्रिमंडल में स्थान दिया गया है। राजनीतिक विशेषज्ञों का मानना है कि खरमास समाप्त होते ही मंत्रिमंडल विस्तार को अंतिम रूप दिया जा सकता है और शेष 10 मंत्री पदों को भरते समय जातीय और सामाजिक समीकरण को फिर से साधा जाएगा।

kelanchaltimes
Author: kelanchaltimes

Leave a Comment

Kelanchaltimes हिंदी के साथ रहें अपडेट

सब्स्क्राइब कीजिए हमारा डेली न्यूजलेटर और पाइए खबरें आपके इनबॉक्स में

और खबरें

गेरुवा नदी के बढ़ते जलस्तर से सनौर पुल पर मंडरा रहा खतरा, तेज बहाव से बढ़ी चिंता

बसंतराय: कई दिनों से लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के कारण झारखंड और बिहार की सीमा से होकर बहने वाली गेरुवा नदी का जलस्तर बढ़

पाकुड़ में डॉ. तनवीर आलम ने SIR और मतदाता सूची पर उठाए सवाल, IT सिस्टम के ऑडिट की मांग

पाकुड़: झारखंड प्रदेश कांग्रेस महासचिव डॉ. तनवीर आलम ने शनिवार को पाकुड़ जिला कांग्रेस कार्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण

पाकुड़ में वाहन जांच अभियान, 63 वाहनों पर कार्रवाई; ₹75 हजार जुर्माना, 2 संशोधित साइलेंसर वाले वाहन जब्त

पाकुड़: जिले में बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने और यातायात नियमों का पालन सुनिश्चित कराने के लिए परिवहन विभाग और पुलिस की ओर से

28 से 30 सितंबर तक बैंक हड़ताल, रविवार को भी शाखाओं में उमड़ी ग्राहकों की भीड़

पाकुड़िया: यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस के आह्वान पर 28 से 30 सितंबर तक तीन दिवसीय बैंक हड़ताल प्रस्तावित है। हड़ताल को लेकर बैंक प्रबंधन