राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट-यूजी) 2026 जिले में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था, प्रशासनिक निगरानी और शांतिपूर्ण वातावरण के बीच सफलतापूर्वक संपन्न हुई। परीक्षा के निष्पक्ष, पारदर्शी और कदाचारमुक्त संचालन को सुनिश्चित करने के लिए उपायुक्त-सह-जिला दंडाधिकारी मेघा भारद्वाज ने डिस्ट्रिक्ट सीएम स्कूल ऑफ एक्सीलेंस (बालिका), पाकुड़ तथा पाकुड़ पॉलिटेक्निक परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने अभ्यर्थियों की प्रवेश एवं सत्यापन प्रक्रिया, सुरक्षा व्यवस्था, परीक्षा कक्षों की स्थिति, पेयजल, शौचालय, विद्युत आपूर्ति सहित अन्य मूलभूत सुविधाओं का गहन निरीक्षण किया। उन्होंने केंद्राधीक्षकों, प्रतिनियुक्त दंडाधिकारियों और पुलिस पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि परीक्षा की शुचिता, गोपनीयता और पारदर्शिता बनाए रखना सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। किसी भी प्रकार की अनियमितता, लापरवाही अथवा कदाचार की सूचना मिलने पर तत्काल सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया।
उपायुक्त ने बताया कि प्रतियोगी परीक्षाओं की निष्पक्षता और विश्वसनीयता बनाए रखना जिला प्रशासन की प्रमुख प्राथमिकताओं में शामिल है। अभ्यर्थियों को भयमुक्त, पारदर्शी और अनुकूल परीक्षा वातावरण उपलब्ध कराने के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई थीं। उन्होंने परीक्षा केंद्रों पर प्रतिनियुक्त अधिकारियों और कर्मियों को पूरी सतर्कता तथा जिम्मेदारी के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करने का निर्देश दिया।
जिले में नीट-यूजी 2026 परीक्षा के लिए कुल दो परीक्षा केंद्र बनाए गए थे। दोनों केंद्रों पर कुल 548 परीक्षार्थियों के लिए व्यवस्था की गई थी। इनमें से 500 परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल हुए, जबकि 48 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे। जिले में कुल उपस्थिति प्रतिशत 91.24 दर्ज किया गया। परीक्षा सभी केंद्रों पर शांतिपूर्ण, सुव्यवस्थित और कदाचारमुक्त वातावरण में संपन्न हुई।
उपायुक्त ने परीक्षा संचालन में प्रतिनियुक्त सभी पदाधिकारियों, केंद्राधीक्षकों, शिक्षकों, कर्मियों और पुलिस पदाधिकारियों के समन्वित प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि सभी के सहयोग, अनुशासन और प्रतिबद्धता के कारण जिले में नीट-यूजी 2026 परीक्षा का सफल एवं व्यवस्थित आयोजन सुनिश्चित हो सका।


