कैबिनेट का बड़ा फैसला आउटसोर्सिंग की नियुक्तियों में भी मिलेगा आरक्षण, जल संसाधन आयोग का गठन

Facebook
Twitter
WhatsApp
Telegram
रांचीः झारखंड कैबिनेट ने सरकारी कार्यालयों और उपक्रमों में आउटसोर्सिंग के आधार पर नियुक्ति, वेतनमान और उनकी सेवा शर्तों को लेकर मैन्युअल (नियमावली) के गठन को मंजूरी दी गई है।
ऐसे कर्मियों की नियुक्ति अब कम से कम 5 साल के लिए की जाएगी। इसके बाद उन्हें तीन साल का सेवा विस्तार दिया जा सकेगा। नियुक्ति में आरक्षण के नियमों का पालन किया जाएगा। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में गुरुवार को आयोजित कैबिनेट की बैठक में इस प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। आउटसोर्स सर्विस प्रोवाइडर के लिए यह अनिवार्य होगा कि वे सभी कर्मियों को एक न्यूनतम वेतनमान देना सुनिश्चित करें। आउटसोर्स कर्मियों को प्रतिवर्ष तीन प्रतिशत की वेतनवृद्धि और 4 लाख रुपए तक के एक्सीडेंटल ग्रुप इंश्योरेंस का भी लाभ देय होगा। उनकी समस्याओं के समाधान के लिए एक ग्रिवांस सेल भी गठित किया जाएगा।
कैबिनेट सचिव वंदना डाडेल ने बताया कि बैठक में कुल 10 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई है। एक महत्वपूर्ण फैसले के अनुसार, राज्य में जल संसाधन आयोग का गठन किया जाएगा। इस आयोग के पास राज्य के सभी रिवर बेसिन में पानी की अद्यतन उपलब्धता, इसके विकास, बहुआयामी उपयोग और कुशल प्रबंधन की जिम्मेदारी होगी। इस आयोग का कार्यकाल दो वर्ष होगा। झारखंड में संचालित गैर सरकारी मान्यता प्राप्त अल्पसंख्यक माध्यमिक विद्यालय, मदरसा और संस्कृत विद्यालय के नौवीं और दसवीं कक्षा के छात्र-छात्राओं को निःशुल्क पाठ्य पुस्तक एवं कॉपी उपलब्ध कराई जाएगी। इसमें प्रतिवर्ष 4.84 करोड़ रुपए खर्च होंगे और इस निर्णय से 41,755 छात्र-छात्रा लाभान्वित होंगे। एक अन्य फैसले के अनुसार, सरकारी विद्यालयों में नौवीं से 12वीं तक के छात्रों के बीच वितरण के लिए विज्ञान पत्रिका प्रकाशित की जाएगी। इसी तरह 11वीं-12वीं कक्षा के छात्रों को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए मासिक पत्रिकाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।
kelanchaltimes
Author: kelanchaltimes

Leave a Comment

Kelanchaltimes हिंदी के साथ रहें अपडेट

सब्स्क्राइब कीजिए हमारा डेली न्यूजलेटर और पाइए खबरें आपके इनबॉक्स में

और खबरें

नामांकन से नतीजे तक खर्च की निगरानी, तीन दौर में होगी प्रत्याशियों की जांच

रांची : निकाय चुनाव के दौरान प्रत्याशियों द्वारा किए जाने वाले चुनाव खर्च पर इस बार राज्य निर्वाचन आयोग की कड़ी निगरानी रहेगी। आयोग ने

यूजीसी के फैसले के खिलाफ सड़क पर उतर कर स्वर्ण महासंघ ने जताया विरोध

पूर्वी सिंहभूम। विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) के हालिया फैसलों के विरोध में गुरुवार को स्वर्ण महासंघ के आह्वान पर सैकड़ों लोग सड़कों पर उतरे और

झारखंड के 25 वर्षों के सफर को नई दिशा देगा मजबूत और बहुआयामी बजट: मुख्यमंत्री

रांची। झारखंड राज्य 25 वर्षों का सफर तय कर चुका है। ऐसे में इस बार राज्य के लिए मजबूत, संतुलित और बहुआयामी बजट की आवश्यकता

रास्ता बंद किए जाने के विरोध में बार एसोसिएशन का अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू

धनबाद। सदर अस्पताल के मार्ग को बंद किए जाने के विरोध में जिला बार एसोसिएशन गुरुवार से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चला गया। अधिवक्ताओं के पेन