प्राणपुर। प्रखंड अंतर्गत गौरीपुर पंचायत के उत्क्रमित मध्य विद्यालय खोजाटीहाट इंग्लिश में विषयवार शिक्षकों की कमी के बावजूद विद्यालय में पठन-पाठन नियमित रूप से संचालित किया जा रहा है। विद्यालय के प्रधानाध्यापक सुभाष चन्द्र मंडल के अनुसार वर्ग 6 से 8 तक अंग्रेजी, गणित, विज्ञान और संस्कृत विषयों के शिक्षक नहीं रहने के कारण पठन-पाठन में कठिनाई होती है। उन्होंने विभाग से सभी विषयों के शिक्षकों की अविलंब नियुक्ति की मांग की है, ताकि विद्यार्थियों को विषयवार शिक्षा मिल सके।
प्रधानाध्यापक सुभाष चन्द्र मंडल ने बताया कि विद्यालय में पदस्थापित सभी शिक्षक-शिक्षिकाएं सरकारी नियमों का पालन करते हुए समय पर विद्यालय पहुंचते हैं और निर्धारित समय-सारणी के अनुसार अपने दायित्वों का निर्वहन करते हैं। शिक्षकों द्वारा विद्यार्थियों को नियमित रूप से गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने का प्रयास किया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि विद्यालय में मध्याह्न भोजन योजना के तहत विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराया जाता है और भोजन तैयार करने में शुद्ध पेयजल का प्रयोग किया जाता है। भोजन के बाद छात्र-छात्राओं के लिए हैंडवॉशिंग स्टेशन की भी व्यवस्था की गई है।
229 विद्यार्थी हैं अध्ययनरत
विद्यालय में वर्तमान में 229 छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं। प्रधानाध्यापक के अनुसार करीब 80 प्रतिशत विद्यार्थी नियमित रूप से विद्यालय पहुंचते हैं और समय-सारणी के अनुसार पठन-पाठन में भाग लेते हैं। विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाएं विद्यार्थियों को पढ़ाई के प्रति जागरूक करने और उनकी रुचि बढ़ाने के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं।
प्रधानाध्यापक ने बताया कि विद्यालय की शिक्षिका रीता कुमारी, अंगद कुमार साह, रेणु कुमारी, सिकंदर मंडल और शिक्षा सेवक गुड़िया कुमारी पठन-पाठन के साथ विद्यालय संचालन में भी सहयोग करते हैं।
विद्यालय में आरओ और वाई-फाई की सुविधा
प्रधानाध्यापक के अनुसार विद्यालय 52 डिसमिल जमीन पर स्थित है। यहां 12 कमरों वाला दो मंजिला भवन है। विद्यालय में एक शौचालय और एक चापाकल है। साथ ही विधिवत बिजली कनेक्शन, वाई-फाई और आरओ की सुविधा उपलब्ध है। सभी कमरों में लाइट और बिजली के पंखे लगाए गए हैं, जिससे गर्मी के मौसम में विद्यार्थियों को परेशानी न हो।
वर्ग 1 से 8 तक के छात्र-छात्राओं के बीच पाठ्य पुस्तकें वितरित की गई हैं। विद्यार्थियों को बैग, पीने के पानी की बोतल और एफएलएन किट भी उपलब्ध कराई गई है। विद्यालय में म्यूजिक सेट, फर्नीचर, टेबल और कुर्सी समेत अन्य आवश्यक सामग्री की भी व्यवस्था की गई है।
टीएलएम किट से आनंददायी तरीके से पढ़ाई
विद्यालय में विद्यार्थियों को टीएलएम किट के माध्यम से पढ़ाया जाता है। कक्षाओं में विषय और वर्ग के अनुसार विभिन्न चित्र लगाए गए हैं। शिक्षकों द्वारा चित्रों और अन्य शिक्षण सामग्री के माध्यम से बच्चों को खेल-खेल में पढ़ाने का प्रयास किया जाता है। इससे विद्यार्थियों में पढ़ाई के प्रति रुचि बढ़ रही है।
प्रधानाध्यापक ने बताया कि विद्यार्थियों को निर्धारित मीनू के अनुसार नियमित रूप से गुणवत्तापूर्ण मध्याह्न भोजन दिया जाता है। प्रत्येक शनिवार को शिक्षकों और अभिभावकों के साथ वर्गवार बैठक भी आयोजित की जाती है, जिसमें बच्चों की पढ़ाई और विद्यालय से संबंधित विषयों पर चर्चा होती है।
विद्यालय के विकास में सहयोग कर रहे शिक्षक
प्रधानाध्यापक सुभाष चन्द्र मंडल ने कहा कि विद्यालय परिसर और शौचालय की नियमित साफ-सफाई कराई जाती है। सभी शिक्षक-शिक्षिकाएं विद्यालय के सर्वांगीण विकास और पठन-पाठन को बेहतर बनाने में सहयोग कर रहे हैं। उनके सामूहिक प्रयास से विद्यालय में पढ़ाई का माहौल बेहतर हुआ है।
उन्होंने कहा कि विद्यालय में एक और शौचालय की आवश्यकता है। साथ ही सुरक्षा की दृष्टि से विद्यालय की चहारदीवारी और गेट का निर्माण जरूरी है। विद्यालय परिसर में मिट्टी भराई के साथ ईंट सोलिंग हो जाए तो बारिश समेत हर मौसम में विद्यार्थियों के लिए परिसर में आवागमन सुविधाजनक हो सकेगा।
प्रधानाध्यापक ने कहा कि आवश्यक सुविधाओं के विस्तार और विषयवार शिक्षकों की उपलब्धता से विद्यालय में पठन-पाठन को और बेहतर बनाया जा सकता है।



