
भागलपुर शहर को जल-जमाव की समस्या से राहत दिलाने और निर्माणाधीन परियोजनाओं की प्रगति सुनिश्चित करने के उद्देश्य से एक उच्चस्तरीय संयुक्त स्थलीय निरीक्षण किया गया। निरीक्षण में महापौर, उप-महापौर, नगर आयुक्त, वार्ड पार्षदों एवं नगर निगम के वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया।
निरीक्षण के दौरान भागलपुर रेलवे स्टेशन परिसर स्थित निर्माणाधीन एसटीपी, भोलानाथ पुल एवं बौंसी पुल के समीप चल रहे रेलवे ओवर ब्रिज (ROB) निर्माण कार्यों का जायजा लिया गया। अधिकारियों ने जल-जमाव और निर्माण कार्यों में पाई गई कमियों पर गंभीर चिंता जताते हुए संबंधित विभागों को 24 घंटे के भीतर सुधारात्मक कदम उठाने के निर्देश दिए।
वर्तमान में रेलवे यार्ड का एसटीपी कार्यशील नहीं होने के कारण गंदा पानी सीधे भोलानाथ पुल के पास नाले में गिर रहा है, जिससे क्षेत्र में लगातार जल-जमाव की स्थिति बनी हुई है। रेलवे अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि डिस्चार्ज को तत्काल एसटीपी चेंबर में डायवर्ट किया जाए और केवल उपचारित जल ही बाहर निकाला जाए।
इसके अलावा भोलानाथ एवं बौंसी पुल के नीचे जाम पड़े रेलवे ड्रेनेज सिस्टम की तत्काल सफाई कर जल निकासी बहाल करने के निर्देश दिए गए हैं। मानसून के बाद रेलवे क्षेत्र के कच्चे नाले को पक्की संरचना में बदलने के लिए प्राक्कलन तैयार करने तथा जलभराव रोकने हेतु आवश्यक स्थानों पर रिटेनिंग वॉल निर्माण की योजना बनाने को कहा गया है।
जहाँ भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया लंबित है, वहाँ अस्थायी नालियों का निर्माण कर जल निकासी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है। साथ ही निर्माण कार्य के दौरान धूल नियंत्रण के लिए नियमित सफाई एवं वाटर स्प्रिंकलर के उपयोग को अनिवार्य किया गया है।
नगर निगम ने सभी संबंधित विभागों एवं निर्माण एजेंसियों—श्री राम कंस्ट्रक्शन और हरदेव कंस्ट्रक्शन—को 24 घंटे के भीतर सुधारात्मक कार्य पूरा कर फोटो सहित अनुपालन रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। प्रशासन ने इन आदेशों को सर्वोच्च प्राथमिकता पर लागू करने को कहा है ताकि आम नागरिकों को जल-जमाव और धूल की समस्या से जल्द राहत मिल सके।

