पाकुड़: झारखंड आंदोलन के प्रमुख नेता और झामुमो के संस्थापक गुरुजी शिबू सोरेन की प्रतिमा स्थापना को लेकर मंगलवार को जिला प्रशासन और झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के नेताओं ने शहर के विभिन्न संभावित स्थलों का संयुक्त निरीक्षण किया। निरीक्षण के बाद पुराना डीसी मोड़ के अंतिम छोर को प्रतिमा स्थापना के लिए उपयुक्त स्थान के रूप में चुना गया।
निरीक्षण में जिला परिवहन पदाधिकारी मुजाहिद अंसारी, भू-अर्जन पदाधिकारी अमित कुमार, जिला अवर निबंधक विकास त्रिवेदी, नगर प्रशासक अमरेंद्र कुमार चौधरी तथा अंचल अधिकारी अरविंद वेदियां शामिल रहे। वहीं झामुमो की ओर से जिला अध्यक्ष एजाजुल इस्लाम, श्याम यादव और हबीबुर रहमान मौजूद रहे।
निरीक्षण के दौरान यातायात व्यवस्था, आमजन की सुविधा, सुरक्षा और प्रतिमा की दृश्यता जैसे विभिन्न पहलुओं का आकलन किया गया। सभी बिंदुओं पर विचार के बाद पुराना डीसी मोड़ का अंतिम हिस्सा सबसे उपयुक्त स्थान माना गया।
झामुमो जिला अध्यक्ष एजाजुल इस्लाम ने कहा कि गुरुजी शिबू सोरेन ने झारखंड आंदोलन, आदिवासी-मूलवासी अधिकारों और राज्य निर्माण में ऐतिहासिक योगदान दिया है। उनकी प्रतिमा आने वाली पीढ़ियों को उनके संघर्ष और विचारों से प्रेरणा देगी।




