भागलपुर/राघोपुर: गंगा नदी के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए जल संसाधन विभाग ने राघोपुर क्षेत्र में बाढ़ सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत कर दिया है। मंगलवार को विभाग के इंजीनियर-इन-चीफ वरुण कुमार ने राघोपुर के तटबंधों एवं कटाव निरोधी कार्यों का स्थल निरीक्षण कर मौजूदा स्थिति का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने चल रहे बहाली कार्यों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान मुख्य अभियंता सीताराम पासवान, अधीक्षण अभियंता सुबोध चौधरी, कार्यपालक अभियंता गौतम कुमार समेत विभाग के कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
कटाव पर पूरी तरह नियंत्रण
हाल के दिनों में गंगा नदी के तेज बहाव और बढ़ते जलस्तर के कारण तटबंध के एक हिस्से में कटाव की स्थिति बनी थी। हालांकि विभाग की त्वरित कार्रवाई, लगातार निगरानी और तकनीकी उपायों की बदौलत कटाव पर पूरी तरह नियंत्रण कर लिया गया है।
प्रभावित हिस्सों में एनसी बैग्स के माध्यम से तटबंध की बहाली का कार्य युद्धस्तर पर जारी है। वहीं तटबंध को और अधिक मजबूत बनाने के लिए बॉम्बे रोल भी लगाए जा रहे हैं। विभाग का कहना है कि वर्तमान में स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है और किसी प्रकार का खतरा नहीं है।
24 घंटे निगरानी के निर्देश
निरीक्षण के दौरान इंजीनियर-इन-चीफ वरुण कुमार ने अधिकारियों को तटबंधों की 24 घंटे निगरानी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए 400 से 500 जियो बैग पहले से भरकर तैयार रखे जाएं, ताकि जरूरत पड़ने पर उनका तत्काल उपयोग किया जा सके।
इसके अलावा उन्होंने सभी बाढ़ सुरक्षा एवं बहाली कार्यों को निर्धारित समय-सीमा के भीतर उच्च गुणवत्ता के साथ पूरा करने के निर्देश भी दिए।
लगातार निगरानी कर रहे अधिकारी
बाढ़ सुरक्षा अभियान के तहत विभाग का पूरा अमला सक्रिय है। वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में कनीय अभियंता लगातार क्षेत्र में कैंप कर कार्यों की निगरानी कर रहे हैं। विशेष रूप से एसडीओ ब्रजेश कुमार भारती, मुरारी कुमार और धर्मेंद्र कुमार की देखरेख में राहत एवं सुरक्षा संबंधी कार्य तेज गति से संचालित किए जा रहे हैं।
स्थानीय समस्याओं से कराया अवगत
निरीक्षण के दौरान तटबंध संघर्ष समिति के अध्यक्ष अख्तर जमील ने अधिकारियों को क्षेत्र में बाढ़ और कटाव से जुड़ी स्थानीय समस्याओं से अवगत कराया। इस पर इंजीनियर-इन-चीफ ने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश देते हुए कहा कि आम जनता की सुरक्षा विभाग की सर्वोच्च प्राथमिकता है तथा बाढ़ सुरक्षा को लेकर किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।





