प्रवीण कुमार | कटिहार
कटिहार। जिले में संभावित बाढ़ की स्थिति से निपटने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। डीएम आशुतोष द्विवेदी की अध्यक्षता में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में अधिकारियों को आपसी समन्वय बनाए रखने और किसी भी आकस्मिक स्थिति में त्वरित राहत एवं बचाव कार्य सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
बाढ़ शरण स्थलों पर जरूरी सुविधाएं सुनिश्चित करने के निर्देश
डीएम ने सभी चिन्हित बाढ़ शरण स्थलों पर शुद्ध पेयजल, शौचालय, रोशनी, भोजन एवं प्राथमिक चिकित्सा की व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि संभावित बाढ़ की स्थिति में प्रभावित लोगों को किसी तरह की परेशानी नहीं होनी चाहिए।
SDRF की टीम रहेगी तैयार
किसी भी आकस्मिक परिस्थिति में त्वरित कार्रवाई के लिए SDRF की टीम को पूरी तरह तैयार रखने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन की ओर से आपात स्थिति में तत्काल राहत एवं बचाव कार्य शुरू करने की तैयारी की जा रही है।
तटबंधों की 24 घंटे निगरानी
बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल-1 एवं 2 के अभियंताओं और तटबंध चौकीदारों को तटबंधों की 24 घंटे सतत निगरानी करने का निर्देश दिया गया है। अधिकारियों को तटबंधों की स्थिति की पल-पल की जानकारी साझा करने को कहा गया है, ताकि किसी भी संभावित खतरे से समय रहते निपटा जा सके।
तटवर्ती इलाकों में लोगों को किया जाएगा सतर्क
अंचल अधिकारियों (CO) एवं थाना प्रभारियों को नदी और तटबंध के किनारे बसे लोगों से लगातार संपर्क बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं। अधिकारियों को जलस्तर में वृद्धि या किसी अन्य संभावित खतरे की स्थिति में लोगों को समय रहते सतर्क करने को कहा गया है।
आम नागरिकों से विशेष अपील
जिला प्रशासन ने जलस्तर में वृद्धि को देखते हुए आम नागरिकों से नदी, तटबंध एवं अन्य संवेदनशील इलाकों की ओर जाने से बचने की अपील की है। प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और किसी भी आपात स्थिति में स्थानीय प्रशासन को सूचना देने की अपील की है।




