भागलपुर, राघोपुर: भागलपुर जिले के राघोपुर क्षेत्र में गंगा नदी का कटाव लगातार गंभीर रूप लेता जा रहा है। गंगा के तेज बहाव के कारण राघोपुर का दुर्गा मंदिर कटाव की जद में आने के बाद नदी में समा गया। मंदिर के नदी में समाने के बाद स्थानीय ग्रामीणों में भय और चिंता का माहौल है। प्रशासन ने भी स्थिति की गंभीरता को देखते हुए निगरानी बढ़ा दी है।
इसी क्रम में जिलाधिकारी अलंकृता पांडे ने कटाव प्रभावित स्थल का निरीक्षण किया। उन्होंने मौके पर पहुंचकर गंगा के कटाव की स्थिति का जायजा लिया और मौजूद अधिकारियों एवं अभियंताओं से बचाव कार्य तथा वर्तमान स्थिति की जानकारी ली। जिलाधिकारी ने कटाव की गंभीरता को देखते हुए अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए और बचाव कार्य में तेजी बनाए रखने को कहा।
वहीं, जल संसाधन विभाग के वरीय अधिकारियों से लेकर अभियंताओं की टीम लगातार कटाव स्थल पर कैंप कर रही है। विभाग की ओर से गंगा के तेज बहाव को देखते हुए कटाव को नियंत्रित करने के लिए विभिन्न स्तरों पर बचाव कार्य किए जा रहे हैं। संवेदनशील स्थानों को चिह्नित कर वहां लगातार निगरानी रखी जा रही है।
कटाव निरोधी कार्य में बॉम्बे रोल, हाथी पांव, मेगा बैग, एनसी बैग, ईसी बैग सहित अन्य सामग्रियों का इस्तेमाल किया जा रहा है। विभागीय टीम का प्रयास है कि गंगा की तेज धारा को नियंत्रित कर कटाव को आगे बढ़ने से रोका जा सके और आसपास के आबादी वाले क्षेत्रों को सुरक्षित रखा जा सके।
गंगा के लगातार बढ़ते कटाव से स्थानीय ग्रामीणों की चिंता बढ़ती जा रही है। लोगों का कहना है कि यदि कटाव इसी रफ्तार से जारी रहा तो आसपास के क्षेत्रों में भी खतरा बढ़ सकता है। प्रशासन की ओर से ग्रामीणों को स्थिति पर नजर रखने और किसी भी आपात स्थिति में तत्काल सूचना देने की अपील की गई है।
फिलहाल जिलाधिकारी के निरीक्षण के बाद प्रशासन और जल संसाधन विभाग की टीम कटाव प्रभावित क्षेत्र में पूरी तरह सक्रिय है। अधिकारियों द्वारा लगातार स्थल निरीक्षण कर बचाव कार्य की दिशा तय की जा रही है, ताकि गंगा के कटाव को आगे बढ़ने से रोका जा सके।





