वाराणसी। भागलपुर, रामायण रिसर्च काउंसिल एवं भारत अध्ययन केंद्र के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित सम्मान समारोह में भागलपुर बिहार की प्रोफेसर डॉ. आशा तिवारी ओझा को रामायणी सम्मान से सम्मानित किया गया। यह सम्मान समारोह बनारस हिंदू विश्वविद्यालय के मालवीय मूल्य अनुशीलन केंद्र में 19 अगस्त 2026 को तुलसी जयंती के अवसर पर आयोजित किया गया। भजन सम्राट पद्मश्री अनूप जलोटा सहित देश की 28 विभूतियों को यह सम्मान प्रदान किया गया।
प्रोफेसर डॉ. आशा तिवारी ओझा को यह सम्मान बीएचयू के कुलपति प्रो. अजित चतुर्वेदी, बोर्ड ऑफ ट्रस्टी के अध्यक्ष एवं सांसद अजय भट्ट, पूर्व केंद्रीय मंत्री अश्विनी कुमार चौबे एवं साध्वी प्रज्ञा भारती ने संयुक्त रूप से प्रदान किया। सम्मान प्राप्त करने के बाद डॉ. आशा तिवारी ओझा ने रामायण रिसर्च काउंसिल के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने इस सम्मान को प्रभु श्रीराम की कृपा तथा माता-पिता और गुरुजनों के आशीर्वाद का फल बताया।
तिलका मांझी भागलपुर विश्वविद्यालय के अंतर्गत सुंदरवती महिला महाविद्यालय, भागलपुर के हिंदी विभाग में एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. आशा तिवारी ओझा को इससे पूर्व राष्ट्रभाषा गौरव, साहित्य रत्न सम्मान, हिंदी साहित्य भूषण सहित अनेक सम्मान प्राप्त हो चुके हैं। उन्होंने कहा कि रामायणी सम्मान उनके लिए गर्व की बात है।
डॉ. आशा तिवारी ओझा ने अपने पिता स्वर्गीय श्रीराम दारोगा तिवारी, अधिवक्ता को याद करते हुए कहा कि बचपन से ही उन्होंने उन्हें श्रीराम कथा की प्रेरणा और संस्कार दिए। उन्होंने कहा कि रामायणी सम्मान उसी संस्कार और प्रेरणा का प्रतिफल है। इस सम्मान से प्रो. आशा तिवारी ओझा ने भागलपुर को गौरवान्वित किया है+++





