पाकुड़िया: प्रखंड मुख्यालय स्थित श्री शिव हरि धाम मंदिर में जलाभिषेक के लिए शुक्रवार, 21 अगस्त को वार्षिक कांवड़ यात्रा का भव्य शुभारंभ हुआ। यात्रा को लेकर क्षेत्र के शिवभक्तों और कांवरियों में खासा उत्साह देखने को मिला। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार करीब 250 शिवभक्त और 50 सेवक दोपहर तीन बजे राम-सीता मंदिर परिसर से बस के माध्यम से रघुनाथगंज के लिए रवाना हुए। वहां उत्तरवाहिनी गंगा से पवित्र गंगाजल उठाने के बाद सभी कांवरिए पैदल यात्रा करते हुए पाकुड़िया लौटेंगे।
शिवभक्तों के प्रस्थान के दौरान पूरा क्षेत्र ‘बोल बम’ और ‘हर हर महादेव’ के जयघोष से गूंज उठा। श्रद्धालुओं के उत्साह और भक्ति से माहौल पूरी तरह शिवमय नजर आया। यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी न हो तथा सुरक्षा एवं यातायात व्यवस्था सुचारू बनी रहे, इसके लिए पाकुड़िया थाना प्रभारी मनोज कुमार महतो के नेतृत्व में पुलिस प्रशासन भी मुस्तैद रहा।
आयोजन समिति के अनुसार 19 अगस्त तक पप्पू मोबाइल दुकान से यात्रा में शामिल होने वाले सभी श्रद्धालुओं का नामांकन एवं बैच वितरण पूरा कर लिया गया था। यात्रा मार्ग में कांवरियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए विभिन्न स्थानों पर भोजन, जलपान एवं सेवा शिविरों की व्यवस्था की गई है। इन सेवा शिविरों के माध्यम से कांवरियों को यात्रा के दौरान भोजन, पानी एवं अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।
21 अगस्त को रघुनाथगंज में स्थानीय प्रबुद्धजनों एवं संस्था की ओर से कांवरियों के लिए भोजन की व्यवस्था की गई है। 22 अगस्त को मित्रपुर में ग्राम पाकुड़िया वासियों की ओर से जलपान की व्यवस्था रहेगी। पायकोड़ में प्रकाश, भवेस एवं छोटे पाकुड़िया की टीम द्वारा सेवा शिविर लगाया जाएगा। मुरारोई में तेगुड़िया निवासी उमेश साह की ओर से भोजन की व्यवस्था की गई है, जबकि गढ़वाड़ी में पाकुड़िया ग्रामीणों के सामूहिक सहयोग से सेवा शिविर लगाया जाएगा।
इसी क्रम में 23 अगस्त को सलगापाड़ा में संटु भगत, मिलन भगत एवं समस्त भगत परिवार की ओर से कांवरियों के लिए सेवा शिविर लगाया जाएगा। तलवा में दसरथ भगत, पाकुड़िया में रामजी भगत तथा पाकुड़िया बाजार में राकेश गुप्ता, बंटी गुप्ता, उमेश गुप्ता, राजा गुप्ता, राजू मंडल, अक्की वर्मा एवं आरएस तिवारी की ओर से कांवरियों के लिए सेवा शिविर, भोजन एवं जलपान की व्यवस्था की जाएगी।
वार्षिक कांवड़ यात्रा को लेकर श्रद्धालुओं में उत्साह का माहौल है। गंगाजल लेकर पैदल पाकुड़िया लौटने वाले कांवरिए श्री शिव हरि धाम मंदिर पहुंचकर भगवान शिव का जलाभिषेक करेंगे। यात्रा के दौरान सेवा शिविरों के माध्यम से स्थानीय लोगों की सहभागिता भी देखने को मिल रही है।




