विश्वविद्यालय में हुई तोड़फोड़ पर कार्रवाई न होने से छात्र संगठनों ने निकाला विशाल आक्रोश मार्च

Facebook
Twitter
WhatsApp
Telegram
तिलकामांझी भागलपुर विश्वविद्यालय में एबीवीपी कार्यकर्ताओं द्वारा की गई तोड़फोड़ और शिक्षकों के साथ बदसलूकी के खिलाफ छात्र संगठनों ने संयुक्त आक्रोश मार्च निकाला। प्राचार्य की लिखित शिकायत के 8 दिन बाद भी प्रशासन द्वारा कोई कार्रवाई न करने से नाराज छात्रों ने प्रशासनिक भवन तक प्रदर्शन किया। छात्र नेताओं ने पुलिस और विश्वविद्यालय प्रशासन पर सत्ता के दबाव में काम करने का आरोप लगाया और उपद्रवियों की गिरफ्तारी की मांग की।
Home Page - Tilka Manjhi Bhagalpur University
तिलका माँझी भागलपुर विश्वविद्यालय

छात्र संगठनों का फूटा गुस्सा: TMBU में उपद्रवियों पर कार्रवाई की मांग

भागलपुर के तिलकामांझी भागलपुर विश्वविद्यालय (TMBU) परिसर में शुक्रवार को छात्र संगठनों ने संयुक्त रूप से एक विशाल आक्रोश मार्च निकाला। यह प्रदर्शन टीएनबी और एसएम कॉलेज में पूर्व में हुई तोड़फोड़ और शिक्षकों के साथ की गई बदसलूकी के विरोध में था। छात्रों का आरोप है कि घटना के 8 दिन बीत जाने के बाद भी लिखित शिकायत पर प्रशासन ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया है, जो प्रशासन की विफलता को दर्शाता है।

सत्ता के संरक्षण का आरोप

प्रदर्शनकारी छात्र नेताओं का कहना है कि एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने न केवल सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाया, बल्कि शिक्षकों के साथ गाली-गलौज की और उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी। इसके बावजूद विश्वविद्यालय प्रशासन और स्थानीय पुलिस की चुप्पी यह साबित करती है कि उपद्रवी सत्ता के संरक्षण में हैं। छात्रों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही दोषियों को गिरफ्तार नहीं किया गया, तो आने वाले दिनों में आंदोलन को और उग्र किया जाएगा।

छात्र एकता का प्रदर्शन और नारेबाजी

आक्रोश मार्च का नेतृत्व एसएसएआई, आइसा, बहुजन स्टूडेंट यूनियन, छात्र युवा शक्ति और एनएसयूआई के नेताओं ने संयुक्त रूप से किया। स्नातकोत्तर अम्बेडकर विचार विभाग से शुरू हुआ यह मार्च प्रशासनिक भवन तक पहुंचा। इस दौरान छात्रों ने “अभाविप की गुंडागर्दी नहीं चलेगी” और “पिछड़ा, दलित व अल्पसंख्यक शिक्षकों का अपमान बंद करो” जैसे गगनभेदी नारे लगाए।

सैकड़ों छात्रों की भागीदारी

इस प्रदर्शन में एसएसएआई अध्यक्ष लालू यादव, आइसा के प्रवीण कुशवाहा, छात्र युवा शक्ति के सत्यम वर्मा और एनएसयूआई के अमन कुमार प्रमुख रूप से शामिल हुए। उनके साथ आशुतोष कुमार, प्रभाकर कुमार, सुद्दू खान, रवि राज कुमार और अमित राय सहित सैकड़ों की संख्या में छात्र उपस्थित थे। प्रशासन को यह स्पष्ट संदेश दिया गया है कि शैक्षणिक माहौल को खराब करने वाले तत्वों के खिलाफ कार्रवाई किए बिना छात्र पीछे हटने वाले नहीं हैं। अब देखना यह है कि विश्वविद्यालय प्रशासन इस दबाव के बाद क्या रुख अपनाता है।

rohini shree
Author: rohini shree

Leave a Comment

Kelanchaltimes हिंदी के साथ रहें अपडेट

सब्स्क्राइब कीजिए हमारा डेली न्यूजलेटर और पाइए खबरें आपके इनबॉक्स में

और खबरें

गौ सम्मान आवाहन अभियान के तहत निकली रैली, गौ माता को राष्ट्रीय माता का दर्जा देने की मांग

गायत्री शक्तिपीठ परिवार के बैनर तले सोमवार को गौ सम्मान आवाहन अभियान के तहत गोड्डा शहर में भव्य रैली निकाली गई। जिला प्रभारी प्रदीप कुमार

एमएसीपी से वंचित करने के विरोध में शिक्षकों ने फूंकी शिक्षा विभाग के आदेश की प्रतियां

झारखंड ऑफिसर्स, टीचर्स एंड एम्पलाइज फेडरेशन (झारोटेफ) के प्रांतीय अध्यक्ष विक्रांत सिंह के निर्देश और जिला इकाई के आह्वान पर सोमवार को महागामा प्रखंड के

नाबालिग से दुष्कर्म के दोषी को 22 साल की सश्रम कारावास, पोक्सो कोर्ट ने सुनाई सजा

गोड्डा की विशेष पोक्सो अदालत ने नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में दोषी करार दिए गए नानू कर्मकार (निवासी सालबनी, तीनपहाड़, साहेबगंज) को 22 वर्ष

पात्र मतदाताओं का नाम हर हाल में मतदाता सूची में जुड़वाएं : मंत्री दीपिका पांडेय सिंह

प्रखंड कांग्रेस कार्यालय में सोमवार को क्षेत्रीय विधायक सह ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री दीपिका पांडेय सिंह ने विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) अभियान को